क्या है लाइट पीरियड और जाने इसके मुख्य कारण – Love Romance
September 23rd, 2020 | Post by :- | 235 Views

सामान्य पीरियड्स क्या होता है यह समझना जरुरी है ताकि आप जान पाएं कि आपके पीरियड्स वास्तव में लाइट तो नहीं है। महिलाओं को आम तौर पर 21 से 35 दिनों के अंतराल में पीरियड्स होता है। पीरियड्स के दौरान रक्त प्रवाह दो या सात दिनों के बीच हो सकता है। हालांकि, आपकी अवधि समय के साथ बदल सकती है और यह विभिन्न परिस्थितियों के कारण हो सकता है। उदाहरण के लिए, यदि आप गर्भवती हैं, तो आपको पीरियड्स नहीं होंगे। लाइट पीरियड के दौरान रक्त का स्राव कम दिनों तक होता है। ऐसा क्यों होता है आइए आपको बताते हैं।

लाइट पीरियड्स के दौरान दिखने वाले लक्षण:

  • पीरियड्स के दौरान सिर्फ दो दिनों तक रक्त स्त्राव होगा।
  • आपका खून बहना बहुत कम हो जाता है, जैसे- स्पॉटिंग।
  • अनियमित पीरियड्स की समस्या हो जाएगी।
  • आप 21 या 35 दिन की अवधि से ज्यादा बार लाइट पीरियड्स अनुभव करती हैं।

याद रखें कि आपको किसी विशेष कारण की वजह से अनियमित पीरियड्स का अनुभव हो जरूरी नहीं है, इसलिए आपको डॉक्टर से संपर्क जरूर करना चाहिए।

लाइट पीरियड्स का कारण:
उम्र: यदि आप अपने किशोरावस्था में हैं तो आपके पीरियड्स में अंतर हो सकता है। दूसरी तरफ, यदि आप रजोनिवृत्ति(मेनोपॉज) में हैं, तो आप अनियमित पीरियड्स का अनुभव कर सकते हैं और इस दौरान रक्त प्रवाह भी कम हो जाता है। इसकी वजह से हार्मोनल इम्बैलेंस हो सकता है।

वजन और आहार: शरीर का वजन और बॉडी फैट परसेंटेज आपके पीरियड्स को प्रभावित कर सकता है। बहुत कम वजन होने के कारण पीरियड्स अनियमित हो सकता है, क्योंकि आपका हार्मोन सामान्य रूप से काम नहीं करता है। इसके अतिरिक्त अत्यधिक वजन बढ़ना भी आपके पीरियड्स को अनियमित कर सकता है।

गर्भावस्था: यदि आप गर्भवती हैं, तो यह संभावना है कि आपको पीरियड्स नहीं होगा। कुछ महिलाओं को हल्की स्पॉटिंग या ब्लीडिंग हो सकती है जिसे आप पीरियड्स समझ लेते हैं लेकिन असल में ये इम्प्लांटेशन ब्लीडिंग है। यह ओव्यूलेशन के कारण होती है। जब अंडा यूटेरस वॉल से जुड़ता है।

स्तनपान: यदि आप स्तनपान करा रही हैं, तो बच्चे के जन्म के तुरंत बाद पीरियड्स हो जरूरी नहीं है। मिल्क प्रोडक्शन हार्मोन ओव्यूलेशन को रोकता है और पीरियड्स को अनियमित करता है। यदि आप स्तनपान कराती हैं तो आपको कुछ महीनों के बाद भी पीरियड्स हो सकता है।

बर्थ कंट्रोल: हार्मोनल बर्थ कंट्रोल तरीके भी लाइट पीरियड का कारण हो सकता है। कुछ जन्म नियंत्रण के तरीके ऐसे भी होते हैं जो अंडे को रिलीज होने से रोकते हैं। इनमें गोलियां, पैच, रिंग और शॉट शामिल हैं। जब आपके शरीर में अंडा रिलीज नहीं होता है, तो आपके गर्भाशय में थिक लाइनिंग नहीं बनती हैं। इस वजह से पीरियड्स के दौरान रक्त स्त्राव कम हो जाता है या फिर अनियमित पीरियड्स हो जाते हैं।

तनाव: यदि आप तनाव में होते हैं तो आपका मस्तिष्क मेंन्सट्रुअल साइकल हार्मोन को बदल सकता है। जिसकी वजह से आपका पीरियड मिस या हल्का हो सकता है।