क्या वेजाइना का ढीलापन है असंतुष्टि का कारण? #loveromance
September 30th, 2020 | Post by :- | 183 Views

कई लोग मानते हैं कि वेजाइना (योनि) के ढीले होने की वजह से उन्हें सेक्शुअल संबंधों में संतुष्टि नहीं मिलती, पर विशेषज्ञों ने फ़ेमिना को बताया कि दरअसल ये मानसिक समस्या है.

सुमन कोठारी, ३३, ने तीन माह पूर्व अपने पहले बच्चे को जन्म दिया. हर पति-पत्नी की तरह उन्हें भी लगा कि कुछ समय बाद उनके सेक्शुअल संबंध सामान्य हो जाएंगे. ‘‘पर हमें अब तक वैसी संतुष्टि नहीं मिल पाई है, जैसी पहले मिला करती थी. मैं उन्हें अपने अंदर महसूस नहीं कर पाती. मुझे समझ में आ रहा था कि ऐसा क्यों है. मेरी गायनाकोलॉजिस्ट ने भी इस बात की पुष्टि कर दी. बच्चे के जन्म के बाद मेरी वेजाइना ढीली हो गई थी.’’

महज़ कल्पना है यह
इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता कि वेजाइना का ढीलापन कुछ उतावले कपल्स की एक कल्पना मात्र है, पर ये सेक्शुअल संतुष्टि पाने में इतनी अहम् भूमिका भी नहीं निभाता, जितना कि इसे बताया जाता है. वेजाइना की दीवार लचीली होती है अत: इसमें प्राकृतिक रूप से फैलने और फिर अपने मूल आकार में आ जाने की प्रवृत्ति होती है. ‘‘फिर जब कोई महिला सेक्शुअल संबंधों के प्रति उत्तेजित होती है तो वेजाइना लुब्रिकेटेड (चिकनी) हो जाती है और इसका भीतरी दो तिहाई भाग फैल जाता है,’’ यह समझाते हुए सेक्सोलॉजिस्ट डॉ प्रकाश कोठारी कहते हैं,‘‘इसकी वजह से सेक्शुअल संबंधों के दौरान पुरुष को ये महसूस हो सकता है कि ये हिस्सा ढीला हो गया है, जबकि सचमुच ऐसा नहीं हुआ होता है.’’
वेजाइना में ढीलेपन की दूसरी वजह बच्चे के जन्म को माना जाता है. ‘‘चूंकि नॉर्मल डिलिवरी में बच्चा इसी रास्ते से बाहर आता है, जिससे वेजाइना की दीवारें बहुत ज़्यादा फैलती हैं और ढीली पड़ सकती हैं, पर ऐसा बहुत ही कम महिलाओं में होता है,’’ डॉ कोठारी बताते हैं. लेकिन कुछ डॉक्टर्स इस बात से सहमत नहीं हैं,‘‘वेजाइना का फैलना स्वाभाविक है, पर यह ख़ुद अपने सामान्य आकार में आ जाती है,’’ यह कहना है साइकोलॉजी टुडे के डॉ आवा कैडेला का. बच्चे के जन्म के बाद वेजाइना को अपने मूल आकार में लौटने में छह महीनों का समय लग सकता है.’’
एक मिथक ये भी है कि ज़्यादा सेक्स से वेजाइना में ढीलापन आ जाता है. डॉ कोठारी कहते हैं,‘‘इसका तो सवाल ही पैदा नहीं होता. चाहे कितनी भी बार सेक्शुअल संबंध बनाए जाएं, वेजाइना की मांसपेशियां अपने मूल रूप में वापस लौट आती हैं.’’

संतुष्टि के लिए अपनाएं अलग-अलग आसन
सेक्स जीवन में संतुष्टि पाने के लिए सेक्स संबंधी मुद्राओं में बदलाव लाएं. डॉक्टर कहते हैं कि सेक्स के दौरान अपने पैर की एक एड़ी को दूसरी एड़ी पर रखें. इस स्थिति में पीनिस पर वेजाइना की पकड़ दूसरी स्थितियों की तुलना में कहीं ज़्यादा होती है. लंबे अंतराल के समाधान के लिए कीगल एक्सरसाइज़ करें, इससे इस हिस्से की मांसपेशियां मज़बूत होती हैं. योग भी इसके लिए अच्छा रहता है. वज्रोली मुद्रा व अश्विनी मुद्रा का प्रभाव भी कीगल एक्सरसाइज़ की तरह ही होता है. इन्हें 10 सप्ताह तक रोज़ाना करें. इससे आपको बदलाव महसूस होगा.

वेजाइना में कसावट लाने के ये भी हैं तरीक़े
ऐसे कुछ दूसरे तरीक़े भी हैं, जिन्हें अपनाकर महिलाएं अपनी वेजाइना में कसावट लाती हैं. वेजाइनोप्लास्टी एक सर्जिकल तरीक़ा है, जिसमें वेजाइना से अतिरिक्त लाइनिंग को हटाकर व इसके चारों ओर के मुलायम टिशूज़ और मांसपेशियों में कसावट लाकर, वेजाइना का ढीलापन दूर किया जाता है. कुछ क्रीम्स भी आती हैं, जिनके प्रयोग से वेजाइना में कसावट आती है. पर केईएम अस्पताल, मुंबई के सेक्शुअल मेडिसिन विभाग के अध्यक्ष डॉ राजन भोसले क्रीम्स पर भरोसा नहीं करते. ‘‘ढीलापन वेजाइना की मांसपेशियों के ढीले होने से आता है. क्रीम्स तो उस हिस्से तक पहुंच ही नहीं पातीं. हां, सर्जरी कसावट लाने में कारगर होती है.’’